भजन 180 ए लश्करों के रब और आहद गीत
हिंदी ईसाई गाने
ए लश्करों के रब और आहद के संदूक
तू हज़ारो हज़ारो में लोट के आ लोट के आ
1.तुझसे ग्रिना रखने वाले शर्मिंदा हो
तेरे सारे बैरी अब तो बरगीन्दा हो (2)
2.शैतान के सारे कैदी आज़ाद हो
उसकी सारी छिपी चाले बर्बाद हो (2)
3.तेरी मदद से हम बहादुरी करेंगे
तू ही हमारे मुखलिफो को पागल करेगा (2)
4.सारे सापो बिच्छूओ को हम कुचलेंगे
दुश्मन की सारी कुदरत ग़ालिब पाएंगे (2)